यक्षिणी साधना की अलौकिक अनुभूतियाँ -ममता पंडित

राम राम
गुरुजी के साथ यक्षिणी साधना कर रही साधिका ममता पंडित को दिव्य अनुभूतियां हुई। ममता पंडित जी को गंगा किनारे जप करते समय देवी माँ के चलने की बहुत तेज आवाज आ रही थी। जब भी ममता जी जाप करती थी तो उनको अच्छी खुशबू आती थी । देवी माँ ने उन्हें कई बार जाप के दौरान छुआ।

राम राम गुरुजी कोटि कोटि नमन ममता पंडित ऋषिकेश 3/4/21
गुरुजी बट्ट birikch के पास साधना किया, उनकी खुशबू आ रही थी कम कभी jada दम जैसा महसूस हुआ जब गंगा किनारे मनन किया तब शिव लिंग की पूजा करते देवी मां सुंदर दिखी , गंगा मईया के बीच में भी वो शिव लिंग की पूजा कर रही थी,

राम राम गुरुजी कोटि कोटि प्रणाम 🌹🙏🌹 04/4/21 देवी सुरसुंदरी मां का जब जप गागा किनारे किया,वैसे ही सरिर भैब्रेसन होने लगा वहा मां की चलने की धाम धाम आवाज सुनाई दिया मां वहा कोई इतर की खुशबू बार बार कर रही थी।जब अप मां सुरसुंदरी की आहुति दे रहे थे तब मां मेरे पेट पर बहुत खींचो महसूस करा रही थी उनकी ठंडी ऊर्जा मेरे मेरे हाथो को छू रही थी। जब गुरुजी आप शिव अर्चन करा रहे थे तब मासुरसुंदरी की चंद्र की शीतलता मेरे पूरे शरीर में हो रही थी कभी देर तक एक बार मेरे मां बाए हथेली पर गोल गोल चिटी की तरह घुमाई। गुरुजी जब जब सुरु किया मां मेरे पीछे काफी देर तक बैठी होने का अनुभूति हू, आगे भी दम दम आवाज उनकी पैर की था वहा मां सुंदरी के घूमने जैसा लगा गुरुजी जा मां से अपनी खीच प्रेषणी बताई तो मां ने मेरे अंदर से भाव पटकत किया बेटी चिंता मत करो मैं तुमरी हूं तुम मेरी हो और मैं तुझे दर्शन दूंगी पहले ही दिन की शथना से मां सुंदरी यही कहती है मैं तुमरे पास हूं । गुरुजी आज battbirikch के पास भी यही भाव थे मैं तुम्हे दर्शन दूंगी, मां के चलने की आवाज सुनाई दिया फिर आपके तरफ चलने की आवाज सुनाई दी, ममता पंडित शिव शरणं धन्येबाद गुरुजी

राम राम गुरुजी कोटि कोटि प्रणाम🌹🙏🌹 ममता पंडित, ऋषिकेश 5/4/21
देवी मां सुंदरी की ऊर्जाएं मुझे खुशबू के साथ बहुत महुसुश हो रही थी देवी की चलने की आवाज आ रही थी वही कभी देर तक टहल ही रही थी सभी साधकों के पास जा रही थी उनकी कदमों की आहट थी आगे पीछे चारो दिशाओं में गुरुजी हम रही थी आपके पास भी गई थी उनकी बहुत ही सुन्दर मनमोहक कदम की आहट थी जिसमे से प्यार निकल के आ रहा था 1घंटे की साधना तक मेरे पास ही थी, जब दूसरे पहर जप सुरु हुआ जैसे ही मां का नाम लिया पेड़ से कुछ गिरा दी, जप करते ही गुरुजी मोर की आवाज कौए को आवाज बीच बीच में पूरी जप तक आ रही थी बंद आंखों से सफेद रंग लाइट बाली ऊर्जाएं दिखी कितने बार एक बार मोर भी देखा, गुरुजी आज मां मेरे खुशबू के झोले कितने बार दिया मनमोहक सुगंध थी हर समय मेरे से अंदर भाव आता है मैं तुमारे साथ हूं, जब आसरम से आ रही थी रास्ते भर देवी की खुशबू ही आ रही थी जब भी उनके बारे में सोचती हूं वैसे ही खुशबू से अपने होने का एहसास दिलाती है,हर पल देवी मेरे पास है। Dhanyebad गुरुजी अपनी किर्पा करने के लिए शिव शरणं🌹🙏 गुरु शरणं🌹🙏

राम राम गुरुजी कोटि कोटि प्रणाम 🌹🙏🌹 5/04/21 8:30
गुरुजी जप सुरु किया वैसे थोड़ी देर में मां सुंदरी की खुशबू आई और ठंडी ठंडी हवा के झोंके शीतलता ते रही थी जैसे मां ने छुआ हो, ऊर्जा आहुति में भी गुरुजी जप सुरु होते ही ठंडी ठंडी हवा का झोका छू रहा था,मां गंगे की लहरे जैसे पास आ गई हो Dhanyebad गुरुजी
शिव शरण 🌹🙏 ममता पंडित ऋषिकेश

राम राम गुरुजी कोटि कोटि नमन 🌹🙏🌹 9: 15 6/04/2021 ममता पंडित ऋषिकेश
गुरुजी जैसे ही माला जप सुरु किया वैसे लगा देवी मेरे सामने मुझे घूर घूर के देख रही है, काफी देर तक, एक बार बेड की आवाज आई, मां की ठंडी ठंडी हवा मुझे छू रही थी, दुबारा जप सुरु किया तो नीद में जा रही थी खुशबू मेरे नाक में एक दम समा जा रही थी मेरे अंदर से आवाज आई मां आ गई हूं सगत करो मैंने उन्हें बोला 3 बार स्वागत है, अंदर से आवाज आई सीडी की तरफ आगे बढ़ रहे हो जप करते रहो, गुरुजी जब मैं जप ले बाद सो गई देवी मुझे छू रही थी मैं दर गई उनके छूटे छूटे उनका रूप देख सुंदर सा लास्ट माला जप किया तो अंधी आ गई तेज, तात वाले बाबा को परनाम किया था तो अचानक खुशबू मिली उन से प्राथना किया था, बात पर के नीचे एक चिड़िया कभी देर थी इस लगा आवाज आ रही थी, ऊर्जा यह में जैसे देवी मेरा हाथ पकड़ के यह कर रही हो,

राम राम गुरुजी कोटि कोटि प्रणाम🌹🙏🌹 7/4/21 9:35
साधना सुरु करते ही मोगरे काशी खुशबू आई ,बीच बीच में भी कभी कभी मोर की आवाज सुनाई दिया कल कुछ शांति थी जप समय ठंडी ठंडी हवा भी बीच बीच में छू रही थी। गुरुजी जप आप बट्ट बिरिक्छ के पास मनन करने को कहा तब मुझे रोना आ रहा था, मां ने मुझे फेस को छुआ । ममता पंडित,ऋषिकेश धन्यवाद गुरुजी अपनी किरपा करने के लिए